
चीन के शानडोंग प्रांत के लाओछंग शहर के लियूज़ुआंग गांव में विभिन्न आकृतियों की लौकी को सुखाकर सजाया जा रहा है, जबकि कारीगर उन्हें बारीकी से तराश रहे हैं। यह स्थान 'चीनी लोक कला और संस्कृति (लौकी नक्काशी) का गांव' के रूप में प्रसिद्ध है, जहाँ लौकी की खेती और नक्काशी की कला हजारों वर्षों से चली आ रही है। 2008 में, लौकी नक्काशी को राष्ट्रीय अमूर्त सांस्कृतिक विरासत सूची में शामिल किया गया था। स्थानीय प्रशासन लौकी उद्योग को बढ़ावा दे रहा है, जिसके उत्पाद देश-विदेश में लोकप्रिय हैं।